Monday, January 26, 2026
रूपनगर में बालाजी की मूर्ति के फेस पर सवाल, भाई-बहन एण्ड एसोसिएट में क्या दरार आ गयी, ट्रम्प की धमकी के बाद कनाडा डील से हाथ खींच लिये, भारत-यूरो सहमत लेकिन समझौते पर हस्ताक्षर 6 माह के लिए टले
श्रीगंगानगर। कनाडा और चाइना के बीच होने वाला व्यापार समझौता टलने के आसार बन गये हैं क्योंकि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कनाडा पर 100 प्रतिशत टैरिफ की धमकी दी है। वहीं भारत और यूरोप के बीच जो समझौता चल रहा था, उसको अन्तिम रूप दे दिये जाने का समाचार मिला है लेकिन घोषणा के बाद इस समझौते पर 6 माह बाद हस्ताक्षर होने की संभावना जतायी गयी है। दूसरी ओर कांग्रेस में भाई-बहन के बीच खींचतान की जानकारी सामने आ रही है।
कनाडा के प्रधानमंत्री मार्को कोर्नी ने हाल ही में चीन की यात्रा की थी। अमेरिका के साथ टैरिफ को लेकर तनाव बने रहने के कारण कनाडा अपने लिये नये बाजार देख रहा है और चीन के साथ वह एक ट्रेड डील करने पर भी सहमत हो गया था। इस डील पर आगे बढ़ पाती, उधर से अमेरिका से नयी जानकारी सामने आ गयी।
राष्ट्रपति ट्रम्प ने कनाडा को चेतावनी दी कि अगर ओटावा-बीजिंग के बीच कोई ट्रेड डील होती है तो वे 100 प्रतिशत टैरिफ कनाडा पर लगा देंगे। इस चेतावनी के बाद कोर्नी बैकफीट पर आ गये हैं। यूएसए ने पहले ही बॉर्डर को बंद करते हुए कनाडा से आयात होने वाले सामान पर टैरिफ लगाये हुए हैं। इस कारण अब कनाडा में बाजारी सुस्ती को देखा जा रहा है। इस कारण कनाडा चीन की ओर रुख करना चाहता था।
ट्रम्प ने कनाडा को 51वां राज्य बनने का प्रस्ताव भी दिया था क्योंकि अमेरिका के सहयोग के बिना उसकी सीमाएं कनाडा को नये बाजार की ओर देखने की सहमति नहीं देती हैं। उत्तरी अमेरिका में मैक्सिको-कनाडा और यूएसए के बीच समझौता हुआ था, जो ट्रम्प का पहला कार्यकाल था, लेकिन अब साहब का मूड चेंज है।
वहीं मैक्सिको ने भी कहा है कि वह क्यूबा को तेल बेचने पर पुनर्विचार कर रहा है। क्यूबा के साथ तनाव होने के कारण ट्रम्प ने मैक्सिको को भी चेताया था कि वह क्यूबा के साथ तेल और अन्य क्षेत्र में होने वाले व्यापार पर पुनर्विचार करे।
रूपनगर में ऐसा क्यों हो रहा है?
पंजाब के महानगर लुधियाना से जब रोपड की तरफ जाया जाता है तो रास्ते में एक नगर आता है, जिसका नाम रूपनगर बताया जाता है। स्टेट हाइवे पर ही यह शहर है जो नीलो नहर के साथ चलने वाली सडक़ पर दिखाई देता है। इस शहर में एक हनुमान जी की मूर्ति स्थापित है। यह मूर्ति विशालकाय है, लेकिन इसका मुंह मुख्य सडक़ की ओर न करके खेतों की तरफ है और चारों तरफ कांटेदार पेड़ लगाये हुए हैं। इस तरह से हनुमान जी की मूर्ति के आगे और पीछे (सडक़ के दूसरी तरफ) कांटेदार पेड़ों के बीच हनुमान जी इस विरान जगह और कांटेदार पेड़ों को पूरा दिन देखते हैं।
उल्लेखनीय है कि इस तरह की ही हनुमान जी की मूर्ति श्रीगंगानगर में सूरतगढ़ मार्ग पर मोटर मार्केट में स्थापित है किंतु उनका फेस शहर की ओर है। इसी तरह से दिल्ली, भटिण्डा, चामुण्डा माता मंदिर में भी ठीक उसी तरह की विशालकाय मूर्तियां स्थापित हैं।
अब रूपनगर में मूर्ति का फेस क्यों कांटेदार विरान जगह की ओर किया गया है, यह धार्मिक जनता स्वयं देख सकती है। समझ सकती है।
कांग्रेस में प्रियंका गैर गांधी नहीं हैं?
राहुल गांधी ने लगातार हार मिलने के बाद कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया था और गैर गांधी को अध्यक्ष बनाये जाने की वकालत की थी। कांग्रेस की खोज दक्षिण भारत के दलित नेता मल्लिकार्जुन खरगे पर समाप्त हुई थी। यह साफ हो गया था कि खरगे को अध्यक्ष बनाया गया है और इसका रिमोट गांधी परिवार के पास रहेगा। लेकिन यह नहीं माना जा रहा था कि यह सिर्फ राहुल गांधी के पास ही होगा।
भाई-बहन के बीच तकरार चल रही है। अगर हिमाचल की बात की जाये तो वहां पर प्रियंका गांधी ने प्रचार की कमान संभाली थी और कांग्रेस को जीत हासिल हो गयी थी। वहां पर सुखविन्द्रसिंह सुखी को सीएम बनाया गया। यह क्या हो गया। सुखी अपनी सरकार की वर्षगांठ बना रहे थे और प्रियंका गांधी शिमला होने के बावजूद उनके कार्यक्रम में नहीं आयी।
इसी से दोनों नेताओं के बीच रिश्तों में आयी कमजोरी दिखाई दे रही थी। अब प्रियंका के साथ युवा नेता रिंकू सिंह ठाकुर दिखाई देने लगे हैं। उधर राजस्थान में भी राहुल गांधी के साथ अशोक गहलोत दिखाई देते थे तो प्रियंका गांधी को सचिन पायलट के साथ देखा जाता था। अनेक बार रणथम्भोर के सैर सपाटे के बाद भी वे कभी जयपुर में सरकार का सरकारी मेहमान नहीं बनी थी।
कर्नाटक में सिद्धरमैया और डीके शिवकुमार के बीच तनातनी है। शिवकुमार डिप्टी सीएम हैं। सिद्धरमैया पुराने और डीके युवा हैं। युवा प्रियंका गांधी के साथ हैं और..। लगभग तीन साल सरकार को हो गये हैं। अब सत्ता परिवर्तन की आहट तो होती है लेकिन फिर शांत हो जाती है।
उधर पंजाब में नवजोत सिंह सिद्धू जो प्रियंका गांधी के नजदीकी हैं, की पत्नी नवजोत कौर ने यह बयान देकर पूरी कांग्रेस क्या देश में हलचल पैदा कर दी थी कि 500 करोड़ रुपय देने पर ही सीएम की कुर्सी मिलती है।
अब डीके 500 करोड़ कहां से लायें? वे तो कभी पूर्व में सीएम नहीं रहे थे। भाई-बहन एण्ड एसोसिएट के बीच जिस तरह से बयानबाजी चल रही है, उससे कांग्रेस के लिए स्पष्ट संकेत नहीं है। दिल्ली में कांग्रेस की 0 सीट है। बिहार में 6 विधायक हैं। स्विंग स्टेट उत्तर प्रदेश में भी कांग्रेस कमजोर ही नहीं बल्कि काफी कमजोर है।
इस तरह से सत्ता तो दूर दिखाई दे रही है, अभी तक कांग्रेस की अंदरूनी राजनीति ही चाय को गर्म रखे हुए है भले ही सर्दी कितनी भी ज्यादा हो।
भारत यूरोप ट्रेड डील पर सहमत
भारत और यूरोप ट्रेड डील पर सहमत हो गये हैं लेकिन इस पर समझौता 6 माह बाद होने की संभावना है। मंगलवार को दोनों पक्षों के बीच इस पर आखरी दौर की बातचीत होगी तथा संयुक्त संबोधन भी हो सकताहै। द हिन्दू ने कहा है कि कानूनी प्रक्रिया को पूरा करने में 6 माह का समय लग सकता है, उस समय 200 करोड़ परिवार के लिए नया बाजार उपलब्ध होगा। वहीं रॉयटर का कहना है कि भारत गणराज्य की सरकार 1700 यूरो से ज्यादा मूल्य की कारों जैसे बीएमडब्ल्यू आदि पर टैक्स को 110 से 40 प्रतिशत कर सकती है। इससे भी कम हो सकता है जिसकी घोषणा कल मंगलवार को होने की संभावना है।
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